टेलीविजन पर निबंध | Television Essay in Hindi | Television Nibandh

 Television Essay in Hindi | Television Nibandh

छोटा परदा इतना लोकप्रिय हो गया है कि लोगों ने सिनेमा हॉल जाना छोड़ दिया है। यह विश्रान्ति के परिवेश में सम्पूर्ण परिवार के लिये सबसे सस्ता मनोरंजन उपलब्ध कराता है। न तो तैयार होने की कोई आवश्यकता है, न जूते-जुराबे कसने की, न मुंह धोना होगा और न कंघी करनी पड़ेगी । हम अपने सोने वाले कपड़ों में ही बिस्तर पर पड़ेपड़े रिमोट की सहायता से टी. वी. चालू कर सकते हैं।

टी. वी. मनोरंजन, शिक्षा एवं विज्ञापन का माध्यम बन गया। है। यह हम पर निर्भर करता है कि हम अपनी रुचि का कौन सा कार्यक्रम चुनते हैं। प्रात: काल इसमें व्ययाम के कार्यक्रम आते हैं और हम अगर टी. वी. के सामने कुछ खुले स्थान का प्रबन्ध कर लें तो पूरा परिवार इसका फायदा उठा सकता है। टी. वी. कभी भी बहुत पास बैठ कर नहीं देखना चाहिये।

इससे हमारी आंखों पर बुरा असर पड़ता है एवं अनपेक्षित परिणाम हो सकते हैं। सोप ओपेरा (लम्बे नाटक) हर प्रकार की रुचि वालों के लिये अच्छा मनोरंजन है। एक रिफ्यूजी पंजाबी परिवार की पृष्टभूमि से सम्बन्धित एक सीरियल इतना लोकप्रिय हुआ कि लोग अपना सब काम छोड़ कर इसे देखने लगे। यह केवल भारत में ही नहीं अपित पडोसी देशों पाकिस्तान एवं बंगलादेश में भी शौक से देखा गया।

कार्यक्रमों में बदलाव किये जाते हैं एवं विभिन्न प्रकार के मनोरजंन उपलब्ध कराये जाते हैं। विभिन्न चेनलों को दर्शकों को सन्तुष्ट करने के लिये कड़े प्रयास करने पड़ते हैं। भारत एक विशाल देश है और प्रत्येक धर्म एवं जाति के लोग अपनी पसन्द का कार्यक्रम देखना चाहते हैं।

टेलिविज़न पर चौबिस घंटे कार्यक्रम आते हैं। वृद्ध लोगों को रामायण एवं महाभारत देखने में सदैव रुचि रहती है चाहे वह दोबारा ही क्यों न दिखाया जा रहा हो। और वह चाहते । हैं कि युवा पीढ़ी भी इनके बारे में कुछ जाने। समाचार पत्रों में कुछ प्रश्न छापे जाते हैं एवं दर्शकों से कुछ सीमित समय में उनके उत्तर माँगे जाते है। जो ठीक उतर ठीक समय पर भेज देते हैं उन्हें टी. वी स्टूडियो बुलाया जाता है। इस तरह की प्रतियोगितायें पूरे वर्ष चलती हैं जिनमें हमारे देश के इतिहास और संस्कृति से सम्बन्धित प्रश्न किये जाते हैं और हमें बहुत | कुछ सीखने को मिलता है।
आज कल केबल टी. वी. अपनी चरम सीमा पर है। सिटी केबलजी सिनेमा, स्टार टी वी नेटवर्क एवं सोनी नेटवर्क इत्यादि निजी चैनल बहुत लोकप्रिय हो रहे हैं क्योंकि वह विभिन्न प्रकार के मनोरंजक कार्यक्रम पेश करते हैं। आज कल पचास से अधिक चैनल हैं जिनमें से चयन किया जा सकता हैं। युवा वर्ग के लिये बहुत से कार्यक्रम हैं जिनमें विभिन्न विद्यालयों एवं कॉलेज के विद्यार्थी भाग लेते हैं। संक्षेप में टी. वी. मनोरंजन एवं शिक्षा का बेहतरीन माध्यम साबित हो रहा है।

प्लिज नोट: आशा करते हैं आप को टेलीविजन पर निबंध (Television Essay in Hindi) अच्छा लगा होगा।

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